बस तुम ही तो हो मेरे जीवन के आधार पल पल गति साँसों की प्राणों के सार मेरे सुख दुख के साथी जन्मों का बंधन ऊर्जा नव संचार प्रियतम का आलिंगन बस तुम ही से बना मेरा प्यारा परिवार अनन्त आकाश धरती मिलन  संसार तुमसे मिला प्रेम  अद्भुत दैवीय मिलनContinue Reading

अमावस्या की रात में  हर देहरी दीप जगमगाता  रोशनाई से धरती का  सुन्दर स्वरुप  निखर जाता भारतीय संस्कृति का  दीपावली अद्भुत त्यौहार हर आँगन चमकता  दीप मिटाता अंधकार  जगमगाती सारी धरती  खिलखिलाता संपूर्ण संसार निराशा के तिमिर छँटते आशा का होता संचार  धन धान्य की होती वृष्टि  मिलता सबको रोज़गार Continue Reading