जब से तुम आई मेरी जिंदगी में मानो सपनों का संसार मिल गया एक तेरे साथ ने दिया वज़ूद मुझे मेरी खुशियो का अंबार लग गया मेरा प्यार मेरी बहार ए जानेमन खुशबु से मेरा चमन महक गया तेरे इर्द गिर्द मंडराता भंवर बन शुभ्र पुष्प सुंदर बाग सज गयाContinue Reading

मन मोहिनी श्रृंगार तन सजाये आईने में अपना ख़्वाब बसाये खूबसूरती देख ख़ुद हुई बावरी मदमस्त दर्पण अति शरमाये। होठों पर लाली नयन कजरारे हाथों में कंगन नीले हरे सुनहरे नारी का अस्तित्व खिला रूप लज्जा प्रेम स्नेह सौम्य नखरारे। प्रियतम की आस  प्रेम अलंकार बहे आकुल सांसे मौन मनContinue Reading

वो अधूरी शाम, कई अनकही बातें, खामोश लम्हें,तेरा पहला दीदार, इज़हार ए ख्वाब अभी काफ़ी है, तुम्हारा इंतज़ार अभी बाकी है।  एक लम्बी सी काली कार से, उतरते दो लम्बे पाँव, गुलाबी जैकेट से खिला तुम्हारा तन, भीड़ को देख कर, मुस्कुराती तुम्हारी निगाहें, स्वच्छ भारत के लिये, आह्वान करतीContinue Reading