राजनीति इतनी बेबस क्यों? किसी ने क्या खूब कहा है – “यहाँ हर शासक दुर्योधन है, यहाँ न्याय न मिल पायेगा, सुनो द्रौपदी शस्त्र उठा लो, अब गोविंद न आयेगा।” राजनीति का अर्थ है राज करने वालों की नीति यानि कि राजा की नीति। जब उद्देश्य सिर्फ राज करने काContinue Reading

राजाओं की नीति है राजनीति! ऐसी नीतियाँ जिनसे राज्य का प्रशासन किया जाता है। राज – सत्ता में स्थान प्राप्त करने की जोड़ – तोड़ की कला ही राजनीति का स्वरूप है। राजनीति समाज के संगठित जीवन का सर्वाधिक महत्वपूर्ण क्रियान्वयन है, जिसका सीधा संबंध राज्य और सरकार से रहताContinue Reading