शक्ति

शक्ति जीवन की ऊर्जा
सहयोग हो या प्रतिस्पर्धा
दृढ़ अनुकूल विचारों से बढ़ती
हमारी क्षमता और योग्यता।

मन में शक्ति का वास
ग़ज़ब का होता आभास
काल चक्र का पहिया भी
हो जाता इसका दास।

शिव शक्ति प्रकृति के आधार
दिव्य हूणों के अद्भुत भंडार
जगत मूल के दोनों तारणहार
पूर्ण विश्वास में है चमत्कार।

शक्ति के जो करते दुरुपयोग
बढ़ाते अपने जीवन का उपभोग
निर्बल पर करते अत्याचार
होते नहीं अच्छे ऐसे लोग।

शक्ति घुँघरू की आवाज़
बजते ढ़ोल मृदंग के साज
दुश्मन करता चित्कार
जब शक्ति होती साकार।

माँ की प्रसन्न्ता से मिलता स्नेह 
कुपित होती तो मिलता दंड अपार 
मातृत्व शक्ति की पूर्ण अभिव्यक्ति 
विराट चेतना एकाकार।

समर्थ निस्पृह निस्वार्थ त्यागी
सृष्टि के कल्याण की भागी
प्राणों के कण कण में शक्ति
दुर्गा काली हो या पार्वती।

करुणा बन बस जाओ हृदय में
शक्ति रूप समा जाओ प्रणय में
नित नए रूप सब पर भारी है
शक्ति की महिमा अति न्यारी है।

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